Uttarakhand

उत्तराखंड हेल्थ रिकॉर्ड लिंकेज में देशभर में दूसरे स्थान पर, 74 लाख से अधिक आभा आईडी लिंक

Uttarakhand Health Record Linkage

देहरादून, 23 अप्रैल 2025
आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (एबीडीएम) के तहत हेल्थ रिकॉर्ड लिंकेज (Health Record Linkage) में उत्तराखंड ने देशभर में दूसरा स्थान हासिल किया है, जबकि उत्तर प्रदेश पहले स्थान पर है। उत्तराखंड में अब तक 74,14,923 हेल्थ रिकॉर्ड को आभा आईडी नेटवर्क से जोड़ा जा चुका है। इसके साथ ही आभा आईडी पंजीकरण, अस्पतालों और चिकित्सकों का पंजीकरण और आभा आधारित ऑनलाइन ओपीडी जैसी विभिन्न श्रेणियों में उत्तराखंड ने पांच चरण सफलतापूर्वक पूरे किए हैं।

स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत का कहना है, “कम आबादी के बावजूद उत्तराखंड का दूसरा स्थान हासिल करना राज्य सरकार की स्वास्थ्य के प्रति संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता को दर्शाता है। हमारा लक्ष्य शत-प्रतिशत आभा आईडी बनाना है, ताकि डिजिटल माध्यम से सभी को स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें।”

उत्तराखंड में हेल्थ रिकॉर्ड लिंकेज की उपलब्धियां

राज्य स्वास्थ्य प्राधिकरण के अनुसार, कम आबादी के बावजूद उत्तराखंड ने हेल्थ रिकॉर्ड लिंकेज (Uttarakhand Health Record Linkage) में शानदार प्रदर्शन किया है। देशभर में उत्तर प्रदेश के बाद उत्तराखंड दूसरे, गुजरात तीसरे, बिहार चौथे, और महाराष्ट्र पांचवें स्थान पर है। 74 लाख से अधिक हेल्थ रिकॉर्ड को आभा आईडी से लिंक करने की यह उपलब्धि प्रदेश के लिए गर्व का विषय है।

हेल्थ रिकॉर्ड लिंकेज के फायदे:

  • मरीज देशभर के किसी भी अस्पताल में अपनी हेल्थ रिपोर्ट चिकित्सक के साथ साझा कर सकते हैं।
  • बीमारी की जांच, लैब रिपोर्ट, उपचार और दवाइयां ऑनलाइन घर बैठे प्राप्त की जा सकती हैं।

आभा आईडी और डिजिटल स्वास्थ्य सेवाएं

राज्य में अब तक 70,50,119 आभा आईडी बनाई जा चुकी हैं। जिलावार आंकड़े:

  • नैनीताल: 8,79,901
  • देहरादून: 13,93,101
  • हरिद्वार: 11,81,607
  • ऊधमसिंह नगर: 9,11,668
  • अन्य जिलों में भी तेजी से आभा आईडी जनरेट की जा रही हैं।

ऑनलाइन ओपीडी पंजीकरण और स्कैन एंड शेयर सुविधा

आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत 6,72,796 मरीजों ने ऑनलाइन ओपीडी पंजीकरण का लाभ उठाया। स्कैन एंड शेयर सुविधा के जरिए मरीज बिना लाइन में लगे और बिना विवरण दर्ज किए सीधे ओपीडी पंजीकरण कर सकते हैं। यह सुविधा वर्तमान में एम्स ऋषिकेश, राजकीय मेडिकल कॉलेज देहरादून, श्रीनगर, अल्मोड़ा, कोरोनेशन अस्पताल देहरादून, जिला चिकित्सालय अल्मोड़ा, और उप जिला चिकित्सालय रुड़की में उपलब्ध है।

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माइक्रोसाइट्स का योगदान

राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण द्वारा संचालित 7 माइक्रोसाइट्स (देहरादून, हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर में 2-2, नैनीताल में 1) के माध्यम से तेजी से इलेक्ट्रॉनिक हेल्थ रिकॉर्ड तैयार किए जा रहे हैं। यह उत्तराखंड को हेल्थ रिकॉर्ड लिंकेज में अग्रणी बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।

हेल्थ केयर प्रोफेशनल्स और सुविधाओं का पंजीकरण

  • 8,317 हेल्थ केयर प्रोफेशनल्स (डॉक्टर्स, नर्सेज, आशा वर्कर्स) को डीजी-डॉक्टर के रूप में पंजीकृत किया गया है।
  • 7,423 हेल्थ फैसिलिटीज (चिकित्सालय, क्लीनिक, जांच केंद्र, फार्मेसी) का पंजीकरण पूरा हो चुका है।

Rajesh Pandey

newslive24x7.com टीम के सदस्य राजेश पांडेय, उत्तराखंड के डोईवाला, देहरादून के निवासी और 1996 से पत्रकारिता का हिस्सा। अमर उजाला, दैनिक जागरण और हिन्दुस्तान जैसे प्रमुख हिन्दी समाचार पत्रों में 20 वर्षों तक रिपोर्टिंग और एडिटिंग का अनुभव। बच्चों और हर आयु वर्ग के लिए 100 से अधिक कहानियां और कविताएं लिखीं। स्कूलों और संस्थाओं में बच्चों को कहानियां सुनाना और उनसे संवाद करना जुनून। रुद्रप्रयाग के ‘रेडियो केदार’ के साथ पहाड़ के गांवों की अनकही कहानियां लोगों तक पहुंचाईं और सामुदायिक जागरूकता के लिए काम किया। रेडियो ऋषिकेश के शुरुआती दौर में लगभग छह माह सेवाएं दीं। ऋषिकेश में महिला कीर्तन मंडलियों के माध्यम से स्वच्छता का संदेश दिया। जीवन का मंत्र- बाकी जिंदगी को जी खोलकर जीना चाहता हूं, ताकि बाद में ऐसा न लगे कि मैं तो जीया ही नहीं। शैक्षणिक योग्यता: बी.एससी (पीसीएम), पत्रकारिता स्नातक, एलएलबी संपर्क: प्रेमनगर बाजार, डोईवाला, देहरादून, उत्तराखंड-248140 ईमेल: rajeshpandeydw@gmail.com फोन: +91 9760097344

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