Uttarakhand Election: हरीश रावत ने माफी मांगी, यूजर बोले- मेरे मुंह से निकल गई भैया…

Rajesh Pandey
देहरादून। उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने अपनी एक बात के लिए माफी मांगी है। इसके लिए उन्होंने एक ट्वीट किया है। रावत कहते हैं कि उन्होंने प्रेस के सामने घमंडपूर्ण उद्बोधन किया था। मेरे शब्द से अहंकार झलकता है।

Contents
देहरादून। उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने अपनी एक बात के लिए माफी मांगी है। इसके लिए उन्होंने एक ट्वीट किया है। रावत कहते हैं कि उन्होंने प्रेस के सामने घमंडपूर्ण उद्बोधन किया था। मेरे शब्द से अहंकार झलकता है।रावत ट्वीट करते हैं,  कल प्रेस कान्फ्रेंस में थोड़ी गलती हो गई, मेरा नेतृत्व शब्द से अहंकार झलकता है। चुनाव मेरे नेतृत्व में नहीं बल्कि मेरी अगुवाई में लड़ा जाएगा। मैं अपने उस घमंडपूर्ण उद्बोधन के लिए क्षमा चाहता हूं, मेरे मुंह से वह शब्द शोभा जनक नहीं है।उनके इस ट्वीट पर यूजर्स की प्रतिक्रिया बड़ी मजेदार हैं। एक यूजर लिखते हैं- मेरे मुंह से निकल गई भैय्या।एक अन्य यूजर लिखते हैं – राहुल गांधी को पसंद नहीं आया होगा ये बयान तभी क्षमा मांग रहे हो। बाकी कांग्रेस आपसे है उत्तराखंड में ना की आप कांग्रेस से हैं। एक यूजर्स लिखते हैं- दरअसल रावत जी जुबां पर दिल की बात चली आई। एक पहाड़ी और कांग्रेस समर्थक होने के नाते मैं आपकी इज्जत करता हूं, लेकिन आप पिछले कुछ दिनों के कार्यकलाप से दिल में सिर्फ खटास पैदा हुई है। शायद यही बात आप कुछ बेहतर अंदाज से भी कह सकते थे।एक और यूजर ने लिखा- हरदा जी यह तो वही बात है अरे मेरे मुंह से निकल गई।एक यूजर ने लिखा, वाह! क्या बात है। गर्वित शब्द को वापस लेना आजकल के राजनेताओं में बहुत कम ही दिखता है। हम काँग्रेसीजनों को गर्व है कि जमीनी नेता हमारी अगुवाई कर रहा है।
रावत ट्वीट करते हैं,  कल प्रेस कान्फ्रेंस में थोड़ी गलती हो गई, मेरा नेतृत्व शब्द से अहंकार झलकता है। चुनाव मेरे नेतृत्व में नहीं बल्कि मेरी अगुवाई में लड़ा जाएगा। मैं अपने उस घमंडपूर्ण उद्बोधन के लिए क्षमा चाहता हूं, मेरे मुंह से वह शब्द शोभा जनक नहीं है।
उनके इस ट्वीट पर यूजर्स की प्रतिक्रिया बड़ी मजेदार हैं। एक यूजर लिखते हैं- मेरे मुंह से निकल गई भैय्या।
एक अन्य यूजर लिखते हैं – राहुल गांधी को पसंद नहीं आया होगा ये बयान तभी क्षमा मांग रहे हो। बाकी कांग्रेस आपसे है उत्तराखंड में ना की आप कांग्रेस से हैं। 
एक यूजर्स लिखते हैं- दरअसल रावत जी जुबां पर दिल की बात चली आई। एक पहाड़ी और कांग्रेस समर्थक होने के नाते मैं आपकी इज्जत करता हूं, लेकिन आप पिछले कुछ दिनों के कार्यकलाप से दिल में सिर्फ खटास पैदा हुई है। शायद यही बात आप कुछ बेहतर अंदाज से भी कह सकते थे।
एक और यूजर ने लिखा- हरदा जी यह तो वही बात है अरे मेरे मुंह से निकल गई।
एक यूजर ने लिखा, वाह! क्या बात है। गर्वित शब्द को वापस लेना आजकल के राजनेताओं में बहुत कम ही दिखता है। हम काँग्रेसीजनों को गर्व है कि जमीनी नेता हमारी अगुवाई कर रहा है।
Share This Article
Follow:
newslive24x7.com टीम के सदस्य राजेश पांडेय, उत्तराखंड के डोईवाला, देहरादून के निवासी और 1996 से पत्रकारिता का हिस्सा। अमर उजाला, दैनिक जागरण और हिन्दुस्तान जैसे प्रमुख हिन्दी समाचार पत्रों में 20 वर्षों तक रिपोर्टिंग और एडिटिंग का अनुभव। बच्चों और हर आयु वर्ग के लिए 100 से अधिक कहानियां और कविताएं लिखीं। स्कूलों और संस्थाओं में बच्चों को कहानियां सुनाना और उनसे संवाद करना जुनून। रुद्रप्रयाग के ‘रेडियो केदार’ के साथ पहाड़ के गांवों की अनकही कहानियां लोगों तक पहुंचाईं और सामुदायिक जागरूकता के लिए काम किया। रेडियो ऋषिकेश के शुरुआती दौर में लगभग छह माह सेवाएं दीं। ऋषिकेश में महिला कीर्तन मंडलियों के माध्यम से स्वच्छता का संदेश दिया। जीवन का मंत्र- बाकी जिंदगी को जी खोलकर जीना चाहता हूं, ताकि बाद में ऐसा न लगे कि मैं तो जीया ही नहीं। शैक्षणिक योग्यता: बी.एससी (पीसीएम), पत्रकारिता स्नातक, एलएलबी संपर्क: प्रेमनगर बाजार, डोईवाला, देहरादून, उत्तराखंड-248140 ईमेल: rajeshpandeydw@gmail.com फोन: +91 9760097344
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *