
ICAR IISWC Dehradun Swachhata Pakhwada 2025: IISWC देहरादून ने मेदिनीपुर में चलाया स्वच्छता और जल संरक्षण का अभियान
ICAR IISWC Dehradun Swachhata Pakhwada 2025: देहरादून, 21 दिसंबर, 2025ः भारतीय मृदा एवं जल संरक्षण संस्थान (ICAR-IISWC) देहरादून के पादप विज्ञान प्रभाग द्वारा ‘स्वच्छता पखवाड़े’ (16-31 दिसंबर) के अंतर्गत शनिवार को विकासनगर के मेदिनीपुर-बदरीपुर गांव के सामुदायिक केंद्र में स्वच्छता जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में वैज्ञानिकों और ग्रामीणों ने मिलकर स्वच्छ और हरित भारत के निर्माण का संकल्प लिया।
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ICAR IISWC Dehradun Swachhata Pakhwada 2025
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पौधारोपण और पर्यावरण: पादप विज्ञान प्रभाग अध्यक्ष डॉ. जे. एम. एस. तोमर ने पौधारोपण को केवल एक गतिविधि नहीं, बल्कि जीवन का आधार बताया। उन्होंने पौधों की सही चयन विधि और उनके वृक्ष बनने तक संरक्षण की आवश्यकता पर जोर दिया।
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प्लास्टिक मुक्त भारत और जल प्रबंधन: डॉ. राजेश कौशल ने सिंगल यूज प्लास्टिक के खतरों से आगाह किया। उन्होंने ‘गंदे पानी की रिसाइक्लिंग’ और ‘रेन वाटर हार्वेस्टिंग’ (वर्षा जल संचयन) को भविष्य की जल सुरक्षा के लिए अनिवार्य बताया।
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आत्मनिर्भरता और किचन गार्डन: डॉ. जे. जयप्रकाश ने ग्रामीणों को किचन गार्डन के माध्यम से रसायन-मुक्त और पौष्टिक सब्जियां उगाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने बताया कि वैज्ञानिक तकनीकों से कृषि लागत कम की जा सकती है।
ICAR IISWC Dehradun Swachhata Pakhwada 2025: कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने स्वच्छता बनाए रखने और पर्यावरण संरक्षण की शपथ ली। इस पहल से ग्रामीणों में प्लास्टिक के विकल्प अपनाने और जैविक खेती के प्रति उत्साह देखा गया।
इस अवसर पर डॉ. जे. एम. एस. तोमर, डॉ. राजेश कौशल, डॉ. विभा सिंघल, राकेश कुमार, मुदित मिश्रा व संतोषी रौथाण, ग्राम मेदिनीपुर व बद्रीपुर के किसान सुनीता, कमला, सुक्को, सुरेन्द्र सिंह, विजय सिंह, बाबूराम, जालम सिंह सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।













