
LPG supply and availability in India 2026: गैस सिलेंडरों को लेकर राहत वाली खबरः केंद्र सरकार ने कहा, पर्याप्त मात्रा में हैं घरेलू गैस, आपूर्ति में कमी नहीं होगी
LPG supply and availability in India 2026
सरकार ने जनता को आशंकित होकर खरीदारी न करने की सलाह दी, पेट्रोल और डीजल का पर्याप्त भंडार उपलब्ध
एलपीजी सिलेंडरों की जमाखोरी और कालाबाजारी रोकने के लिए जमीनी स्तर पर कार्रवाई
नागरिकों से अधिकृत ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से एलपीजी सिलेंडर बुक करने का आग्रह
जनता से अपील की गई है कि वे अधिकृत ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से एलपीजी सिलेंडर बुक करें।
LPG supply and availability in India 2026: नई दिल्ली, 13 मार्च, 2026ः भारत सरकार ने राष्ट्रीय मीडिया केंद्र में पश्चिम एशिया में हो रहे घटनाक्रमों पर तीसरी अंतर-मंत्रालयी मीडिया प्रेस वार्ता आयोजित की। आज की प्रेस वार्ता में पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय, विदेश मंत्रालय, पत्तन, पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्रालय तथा सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों ने मौजूदा स्थिति और सरकार द्वारा उठाए जा रहे समन्वित कदमों के बारे में विस्तृत जानकारी दी।
एलपीजी आपूर्ति के संबंध में सरकार का कहना है, देश में घरेलू एलपीजी आपूर्ति के लिए 25000 एलपीजी वितरकों में से किसी में भी अनुपलब्धता की स्थिति की कोई रिपोर्ट नहीं मिली है।
LPG supply and availability in India 2026: केंद्र सरकार ने लोगों को सलाह दी है कि वे घबराएं नहीं। सरकार घरों और आवश्यक क्षेत्रों के लिए एलपीजी की उपलब्धता बनाए रखने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है।
केंद्र सरकार के अनुसार-
देश में घरेलू एलपीजी आपूर्ति के लिए 25000 एलपीजी वितरकों में से किसी में भी अनुपलब्धता की स्थिति की कोई रिपोर्ट नहीं मिली है।
घबराहट में खरीदारी के चलते एलपीजी बुकिंग की संख्या में भारी वृद्धि हुई है।
दैनिक बुकिंग में कल औसत 55.7 लाख से बढ़कर 76 लाख की वृद्धि हुई है।
तेल विपणन कंपनियां प्रतिदिन लगभग 50 लाख एलपीजी सिलेंडर वितरित करना जारी रखे हुए हैं। सभी उपभोक्ताओं से अनुरोध है कि वे हड़बड़ी में बुकिंग न कराएं।
सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों (ओएमसी) के कॉल सेंटरों को शिकायतें प्राप्त करने के लिए और अधिक मजबूत बनाया गया है। कॉल सेंटर में सीटों की संख्या बढ़ाकर 400 और टेलीफोन लाइनों की संख्या बढ़ाकर 650 कर दी गई है। इन उन्नत सुविधाओं के साथ कॉल विफलता दर लगभग शून्य बनी रहेगी।
एलपीजी सिलेंडरों की जमाखोरी और कालाबाजारी रोकने के लिए जमीनी स्तर पर अधिकारियों द्वारा कार्रवाई की जा रही है। कई मामले सामने आए हैं।
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्रालय के सचिव और उपभोक्ता कार्य विभाग के सचिव ने आपूर्ति की स्थिति की समीक्षा करने के लिए सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति सचिवों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंस की।
राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों की सरकारों और जिला प्रशासनों से एलपीजी सहित पेट्रोलियम उत्पादों की जमाखोरी और कालाबाजारी रोकने के लिए कार्रवाई तेज करने का अनुरोध किया गया है। उत्तर प्रदेश और राजस्थान के मुख्यमंत्रियों ने भी स्थिति की समीक्षा की है और जिला मजिस्ट्रेटों और पुलिस अधीक्षकों को निर्देश जारी किए हैं।
कई राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों ने स्थिति पर नजर रखने के लिए नियंत्रण कक्ष खोले हैं और महाराष्ट्र, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, राजस्थान, उत्तर प्रदेश और बिहार सहित कुछ राज्य दैनिक प्रेस वार्ता जारी कर रहे हैं।
वरिष्ठ अधिकारी ने कुछ मामलों के उदाहरण और राज्य सरकारों द्वारा की गई कार्रवाई के बारे में भी बताया। राज्य सरकारों ने एलपीजी सिलेंडरों की हेराफेरी और अवैध उपयोग को रोकने के लिए प्रवर्तन कार्रवाई की है, जिसमें झांसी (उत्तर प्रदेश) में 524 चोरी हुए सिलेंडरों की बरामदगी, हापुड़ (उत्तर प्रदेश) में 32 सिलेंडरों की ज़ब्ती, कर्नाटक के होटलों से 46 सिलेंडर और छतरपुर (मध्य प्रदेश) में 38 सिलेंडरों की जब्ती शामिल है।
सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों (पीएसयू) की तेल विपणन कंपनियों ने भी डीलरों और वितरकों के यहां अचानक निरीक्षण करने के लिए अधिकारियों को सक्रिय कर दिया है।
सरकार द्वारा किए गए अन्य उपाय –
देश भर के घरों में एलपीजी की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। साथ ही, अस्पतालों, शैक्षणिक संस्थानों और अन्य आवश्यक सेवाओं जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों के लिए भी आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है।
इस स्थिति से पहले के उत्पादन की तुलना में रिफाइनरियों से घरेलू एलपीजी उत्पादन में 30 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि हुई है।
उपभोक्ताओं के लिए व्यावसायिक सिलेंडर प्राथमिकता के आधार पर वितरण हेतु राज्य सरकार के पास उपलब्ध करा दिए गए हैं।
सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों को नियमित आवंटन के अतिरिक्त 48000 किलोलीटर केरोसिन का अतिरिक्त आवंटन किया गया है। राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों से अनुरोध किया गया है कि वे केरोसिन वितरण के लिए जिलों में स्थानों की पहचान करें।
एलपीजी पर दबाव कम करने के लिए वैकल्पिक ईंधन विकल्पों को सक्रिय कर दिया गया है। कोयला मंत्रालय ने कोल इंडिया और सिंगरेनी कोलियरीज को छोटे, मध्यम और अन्य उपभोक्ताओं को कोयला वितरित करने के लिए राज्यों को अधिक मात्रा में कोयला आवंटित करने का आदेश जारी किया है। पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय ने पहले ही राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को आतिथ्य और रेस्तरां में एक महीने के लिए केरोसिन और कोयले के वैकल्पिक उपयोग की सलाह दी है।
आम लोगों के लिए सुझाव –
नागरिकों को सलाह दी जाती है की वे घबराएं नहीं। सरकार घरों और आवश्यक क्षेत्रों के लिए एलपीजी की उपलब्धता बनाए रखने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है।
एलपीजी सिलेंडर कई डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से आसानी से बुक किए जा सकते हैं, जिनमें शामिल हैं:
आईवीआरएस कॉल
एसएमएस बुकिंग
व्हाट्सएप बुकिंग
ओएमसी के मोबाइल एप्लिकेशन
इसलिए उपभोक्ताओं को सलाह दी जाती है कि वे अपने घरों में आराम से बैठकर सिलेंडर बुक करें, जैसा कि वे आमतौर पर करते हैं, और अनावश्यक रूप से एजेंसियों में जाने से बचें, जिससे अनावश्यक भीड़भाड़ हो सकती है।
हम उपभोक्ताओं से यह भी अनुरोध करते हैं कि वे केवल अपनी सामान्य घरेलू आवश्यकता के अनुसार ही एलपीजी सिलेंडर बुक करें और हड़बड़ी में बुकिंग न करें। सिस्टम में पर्याप्त एलपीजी आपूर्ति उपलब्ध है और ओएमसी (ऑक्यूपेशनल मैनेजमेंट कंपनियां) बॉटलिंग प्लांट और डिपो में पर्याप्त स्टॉक बनाए रखती हैं।
मीडिया से अनुरोध किया है कि वे सही जानकारी प्रसारित करने में मदद करें और आधिकारिक स्रोतों पर भरोसा करें, ताकि अनावश्यक घबराहट से बचा जा सके।
इस वार्ता के दौरान सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय द्वारा निम्नलिखित बिंदुओं पर जोर दिया गया:
राज्य सरकारों ने जमाखोरी और कालाबाजारी में लिप्त लोगों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी है।
जनता से अपील की गई है कि वे अधिकृत ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से एलपीजी सिलेंडर बुक करें।
उपभोक्ताओं को डिजिटल घोटालों से सावधान रहना चाहिए और सिलेंडर बुक करने के लिए केवल आधिकारिक वेबसाइटों या अधिकृत ऐप का ही उपयोग करना चाहिए।
अधिक जानकारी के लिए पढ़ें- पीआईबी की विज्ञप्ति













