By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
NEWSLIVE24x7NEWSLIVE24x7NEWSLIVE24x7
  • About
  • Agriculture
  • Uttarakhand
  • Blog Live
  • Career
  • News
  • Contact us
Reading: साढ़े चार साल में 81 गांवों को पुनर्वासित कियाः सीएम
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
NEWSLIVE24x7NEWSLIVE24x7
Font ResizerAa
  • About
  • Agriculture
  • Uttarakhand
  • Blog Live
  • Career
  • News
  • Contact us
  • About
  • Agriculture
  • Uttarakhand
  • Blog Live
  • Career
  • News
  • Contact us
Have an existing account? Sign In
Follow US
  • Advertise
  • Advertise
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
- Advertisement -
Ad imageAd image
NEWSLIVE24x7 > Blog > Featured > साढ़े चार साल में 81 गांवों को पुनर्वासित कियाः सीएम
FeaturedUttarakhand

साढ़े चार साल में 81 गांवों को पुनर्वासित कियाः सीएम

Rajesh Pandey
Last updated: October 13, 2021 4:25 pm
Rajesh Pandey
5 years ago
Share
SHARE

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा, प्राकृतिक आपदा के बाद प्रभावित गांवों एवं परिवारों के पुनर्वास नीति 2011 के प्रावधान के तहत राज्य में कुल 83 गांव एवं 1447 परिवारों को पुनर्वासित किया गया, जिसके लिए 61.02 करोड़ की धनराशि दी गई। जिनमें वर्ष 2017 से पहले दो गांवों के 11 परिवार तथा वर्ष 2017 के बाद 81 गांवों के 1436 परिवारों का पुनर्वास शामिल हैं।

बुधवार को अपने आवास में अन्तरराष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में सीएम ने अधिकारियों को पुनर्वासित परिवारों के लिए बिजली, पानी एवं अन्य मूलभूत आवश्यकताओं की पर्याप्त व्यवस्था के निर्देश दिए। उन्होंने कहा, जिन पुनर्वासित गांवों को सड़क से जोड़ा जाना है, उनकी सूची जल्द शासन को उपलब्ध कराई जाए।

धामी ने कहा, पुनर्वासित गांवों में मूलभूत आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए व्यवस्था मनरेगा से कन्वरजेंस एवं जिलाधिकारी के नियंत्रणाधीन विभिन्न कोषों से की जाए, इसके बाद भी कोई परेशानी हो, तो मामला शासन स्तर पर लाया जाए।

मुख्यमंत्री ने वर्चुअल माध्यम से आठ जनपदों के पुनर्वासित गांवों के लोगों से बात कर उनकी समस्याएं सुनीं। मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी समस्याओं का उचित हल निकालने का प्रयास किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आपदा की दृष्टि से संवेदनशील गांवों का लगातार सर्वे किया जाए। सर्वे के बाद जिन गांवों एवं परिवारों को तत्काल पुनर्वासित करने की आवश्यकता है, उनकी सूची भी जल्द उपलब्ध कराई जाए।

पुनर्वासित परिवारों के लिए भारत सरकार की गाइडलाइन के अनुसार धनराशि दी गई है। पुनर्वासित क्षेत्र में अवस्थापना विकास के लिए राज्य सरकार हरसंभव प्रयास कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा, जिन लोगों का कोविड से निधन हुआ, उनको आश्रितों को आपदा मद से 50 हजार रुपये की धनराशि देने की व्यवस्था की जा रही है।

गढ़वाल मंडल में चमोली जनपद के 15 गांवों के 279  परिवार, उत्तरकाशी के 05 गांवों के 205 परिवार, टिहरी जनपद के 10 गांवों के 429 परिवार तथा रुद्रप्रयाग जनपद के दस गांवों के 136 परिवार पुनर्वासित किए गए।

जबकि कुमाऊं मंडल के अन्तर्गत पिथौरागढ़ के 31 गांवों के 321 परिवार, बागेश्वर जनपद के 09 गांवों के 68 परिवार, नैनीताल जनपद के एक गांव का एक परिवार एवं अल्मोड़ा जनपद के दो गांवों के आठ परिवार विस्थापित किए गए।

इस अवसर पर आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास मंत्री डॉ. धन सिंह रावत, सचिव आपदा प्रबंधन एसए मुरूगेशन, वर्चुअल माध्यम से सभी जिलाधिकारी उपस्थित रहे।

You Might Also Like

दुनिया पर छाए बड़े संकट की कहानी, जिसकी गलती से खोज हो गई थी
डोईवालाः भाजपा आगे चल रही, सात प्रत्याशियों को पीछे कर दिया नोटा ने
AIIMS Rishikesh Drone Medicine Delivery: एम्स ऋषिकेश के ड्रोन ने 30 मिनट में 50 किमी दूर टिहरी पहुंचाई दवाई
पूर्व सीएम हरीश रावत के मन में ये दो सवाल क्यों उठ रहे हैं?
उत्तराखंड में मौसमः पहाड़ों पर हल्की बारिश, मैदानी क्षेत्रों में लू के आसार
TAGGED:Chief Minister Pushkar Singh DhamiInfrastructure development in the rehabilitated areaInternational Disaster Risk Reduction DayRehabilitation Policy of 2011 for the affected villages and families
Share This Article
Facebook Whatsapp Whatsapp Email Copy Link Print
ByRajesh Pandey
Follow:
newslive24x7.com टीम के सदस्य राजेश पांडेय, उत्तराखंड के डोईवाला, देहरादून के निवासी और 1996 से पत्रकारिता का हिस्सा। अमर उजाला, दैनिक जागरण और हिन्दुस्तान जैसे प्रमुख हिन्दी समाचार पत्रों में 20 वर्षों तक रिपोर्टिंग और एडिटिंग का अनुभव। बच्चों और हर आयु वर्ग के लिए 100 से अधिक कहानियां और कविताएं लिखीं। स्कूलों और संस्थाओं में बच्चों को कहानियां सुनाना और उनसे संवाद करना जुनून। रुद्रप्रयाग के ‘रेडियो केदार’ के साथ पहाड़ के गांवों की अनकही कहानियां लोगों तक पहुंचाईं और सामुदायिक जागरूकता के लिए काम किया। रेडियो ऋषिकेश के शुरुआती दौर में लगभग छह माह सेवाएं दीं। ऋषिकेश में महिला कीर्तन मंडलियों के माध्यम से स्वच्छता का संदेश दिया। जीवन का मंत्र- बाकी जिंदगी को जी खोलकर जीना चाहता हूं, ताकि बाद में ऐसा न लगे कि मैं तो जीया ही नहीं। शैक्षणिक योग्यता: बी.एससी (पीसीएम), पत्रकारिता स्नातक, एलएलबी संपर्क: प्रेमनगर बाजार, डोईवाला, देहरादून, उत्तराखंड-248140 ईमेल: rajeshpandeydw@gmail.com फोन: +91 9760097344
Previous Article राहत देने वाले हैं कैबिनेट के फैसले, मानदेय बढ़ाने के साथ पदों की स्वीकृतियां
Next Article VIDEO: घेरते-घेरते अपनों में ही घिर गए हरीश रावत
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

https://newslive24x7.com/wp-content/uploads/2026/04/CM-Dhami-4-Year-Journey-2026-2-Min-1.mp4

Sajani Pandey Editor newslive24x7.com

Prem Nagar Bazar Doiwala Dehradun
Prem Nagar Bazar Doiwala Dehradun Doiwala, PIN- 248140
9760097344
© 2026 News Live 24x7| Developed By: Tech Yard Labs
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?