By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
NEWSLIVE24x7NEWSLIVE24x7NEWSLIVE24x7
  • About
  • Agriculture
  • Uttarakhand
  • Blog Live
  • Career
  • News
  • Contact us
Reading: स्कूल ने बिटिया को दाखिला दिया और पिता को घर चलाने के लिए दुधारु गाय
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
NEWSLIVE24x7NEWSLIVE24x7
Font ResizerAa
  • About
  • Agriculture
  • Uttarakhand
  • Blog Live
  • Career
  • News
  • Contact us
  • About
  • Agriculture
  • Uttarakhand
  • Blog Live
  • Career
  • News
  • Contact us
Have an existing account? Sign In
Follow US
  • Advertise
  • Advertise
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
NEWSLIVE24x7 > Blog > education > स्कूल ने बिटिया को दाखिला दिया और पिता को घर चलाने के लिए दुधारु गाय
educationNewsstudy

स्कूल ने बिटिया को दाखिला दिया और पिता को घर चलाने के लिए दुधारु गाय

Rajesh Pandey
Last updated: October 22, 2019 9:24 pm
Rajesh Pandey
9 years ago
Share
SHARE

देहरादून। न्यूज लाइव ब्यूरो

दिगंबर नेगी

दैनिक मजदूरी करने वाले मालदेवता के एक व्यक्ति की बेटी को कक्षा दो में दाखिला नहीं मिला तो वह निराश हो गया। उनका नाम बीपीएल परिवारों की लिस्ट में नहीं था, तो बेटी को शिक्षा का अधिकार अधिनियम( आरटीई) का लाभ भी नहीं मिल सका।  एक गरीब पिता के सामने  बेटी को अच्छी एजुकेशन दिलाने के साथ ही परिवार की आजीविका चलाने की चुनौती पैदा हो गई। इस पिता की मदद के लिए नथुवावाला स्थित सुभाष चंद्र बोस एकेडमी ने जो किया, वो वाकई प्रेरणास्पद है। स्कूल प्रबंधन ने उनकी बेटी को एडमिशन ही नहीं दिया, बल्कि 35 हजार रुपये की दुधारु गाय खरीद कर भी दी, ताकि बेटी की पढ़ाई का खर्चा निकालने के साथ परिवार की आजीविका भी चल सके।

प्राचीन भारत में माता-पिता अपने बच्चों को गुरुकुल में शिक्षा ग्रहण करने के लिए भेजते समय गुरुकुल को अपनी सामर्थ्य अनुसार गायें भेंट स्वरूप दिया करते थे | नथुवावाला स्थित सुभाष चंद्र बोस एकेडमी के संचालक दिगंबर सिंह नेगी ने अपनी फेसबुक वाल पर इस प्रेरक किस्से को शेयर किया है। उनके इस अभिनव प्रयोग काे खूब सराहना मिल रहा है। उन्होंने बताया कि पिछले दिनों दैनिक मजदूरी करने वाले एक अभिभावक ललित पासवान अपनी पुत्री को कक्षा दो में दाखिला दिलाने के लिए मालदेवता से सुभाष चंद्र बोस एकेडमी नथुवावाला देहरादून लेकर आए।

बीपीएल सूची में नाम न होने के कारण आरटीई के अंतर्गत बच्ची को दाखिला नहीं मिल सका।विद्यालय प्रबंधन ने जब ललित पासवान को कहा कि हम तुम्हें एक गाय देंगे, तुम गाय पालकर अपनी पुत्री की शिक्षा का खर्च वहन कर सकते हो | पहले तो वह इनकार करने लगे और बच्ची को निशुल्क पढ़ाने की गुजारिश करने लगे, लेकिन जब उनको स्पष्ट कह दिया गया कि निशुल्क शिक्षा की व्यवस्था बंद कर दी गई है | आपको गाय या सब्जी की ठेली निशुल्क विद्यालय की ओर से अतिरिक्त अर्थोपार्जन के लिए दी जाएगी, जिससे आप अपने बच्चे की शिक्षा का खर्च सहजता से वहन कर सकते हैं | तब वह गाय पालने को राजी हो गए | श्री नेगी के अनुसार विद्यालय ने नथुवावाला निवासी सावन सिंह बिष्ट से 35000 रुपये में दुधारू गाय खरीद कर 4 मई 2017 को ललित पासवान के परिवार को भेंट की | श्री नेगी की फेसबुक वाल पर इस अनोखे और सराहनीय प्रयाेग की खूब चर्चा हो रही है।

You Might Also Like

राजभाषा में सर्वाधिक कार्यों के लिए डॉ. अनुपम, अमित चौहान, संजय पंत को प्रथम पुरस्कार
सड़क सुरक्षा माहः परिवहन विभाग ने एम्स के साथ मिलकर किए नुक्कड़ नाटक
Death of the Keyboard: तो क्या हमारे कंप्यूटर के Keyboard को भी निगल जाएगा एआई
नरेंद्र सागर दोबारा बने प्राथमिक शिक्षक संघ डोईवाला के अध्यक्ष
टिहरी के इस गांव से जुड़ी है, सैकड़ों वर्ष पुराने पेड़ और मीलों लंबी नागिन की कहानी
TAGGED:admissionBPL familiesCowfamily's livelihoodgood educationnewslive24x7.comRight to Education ActRTESubhash Chandra Bose Academy of NathuvawalaUttarakhand news
Share This Article
Facebook Whatsapp Whatsapp Email Copy Link Print
ByRajesh Pandey
Follow:
newslive24x7.com टीम के सदस्य राजेश पांडेय, उत्तराखंड के डोईवाला, देहरादून के निवासी और 1996 से पत्रकारिता का हिस्सा। अमर उजाला, दैनिक जागरण और हिन्दुस्तान जैसे प्रमुख हिन्दी समाचार पत्रों में 20 वर्षों तक रिपोर्टिंग और एडिटिंग का अनुभव। बच्चों और हर आयु वर्ग के लिए 100 से अधिक कहानियां और कविताएं लिखीं। स्कूलों और संस्थाओं में बच्चों को कहानियां सुनाना और उनसे संवाद करना जुनून। रुद्रप्रयाग के ‘रेडियो केदार’ के साथ पहाड़ के गांवों की अनकही कहानियां लोगों तक पहुंचाईं और सामुदायिक जागरूकता के लिए काम किया। रेडियो ऋषिकेश के शुरुआती दौर में लगभग छह माह सेवाएं दीं। ऋषिकेश में महिला कीर्तन मंडलियों के माध्यम से स्वच्छता का संदेश दिया। जीवन का मंत्र- बाकी जिंदगी को जी खोलकर जीना चाहता हूं, ताकि बाद में ऐसा न लगे कि मैं तो जीया ही नहीं। शैक्षणिक योग्यता: बी.एससी (पीसीएम), पत्रकारिता स्नातक, एलएलबी संपर्क: प्रेमनगर बाजार, डोईवाला, देहरादून, उत्तराखंड-248140 ईमेल: rajeshpandeydw@gmail.com फोन: +91 9760097344
Previous Article श्री बदरीनाथ धामः धरती पर साक्षात बैकुंठ
Next Article
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Sajani Pandey Editor newslive24x7.com

Prem Nagar Bazar Doiwala Dehradun
Prem Nagar Bazar Doiwala Dehradun Doiwala, PIN- 248140
9760097344
© 2026 News Live 24x7| Developed By: Tech Yard Labs
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?