वेदों के ज्ञाता और महान दार्शनिक स्वामी विवेकानंद ने भारत का गौरव बढ़ाया है। उन्होंने लोगों को जीने की कला सिखाई। उन्होंने कई विषयों पर बहुमूल्य विचारों का ज्ञान कराया। उनके प्रेरणास्पद विचार वर्तमान में भी प्रासंगिक हैं। पेश हैं स्वामी विवेकानंद के कुछ अमूल्य विचार।
- जब तक आप अपने आप पर विश्वास नहीं करते, तब तक आप भगवान पर विश्वास नहीं कर सकते।
- उठो, जागो और अपना लक्ष्य तक पहुंचने तक नहीं रुको।
- ब्रह्मांड की सभी शक्तियां पहले से ही हमारी हैं। यह हम हैं, जो अपनी आंखों के सामने हाथ रखकर रोते हैं कि यहां अंधेरा है।
- किसी की भी निंदा न करें। यदि आप किसी की सहायता के लिए हाथ बढ़ा सकते हैं, तो ऐसा करें। यदि आप नहीं कर सकते हैं तो उनको शुभकामनाएं देकर अपने रास्ते पर जाने दें।
- जिस काम को जिस समय पर पूरा करने का प्रण लो, उसे ठीक उस समय पर ही करना चाहिए, नहीं तो तुम पर से लोगों का विश्वास खत्म हो जाता है।
- एक विचार लो और उसे अपना जीवन बना लो। उसके बारे में सोचो, उसके सपने देखो और इसको जियो। अपने दिमाग, मांसपेशियों, नसों, शरीर के हर हिस्से को इसमें डूबने दो, और बाकी सभी विचारों को किनारे रख दो। यही सफल होने का तरीका है।
- संघर्ष जितना बड़ा होगा, जीत उतनी ही शानदार होगी।
- जब तक जीना है, तब तक सीखना है। अनुभव ही दुनिया में सर्वश्रेष्ठ शिक्षक है।
- बस वही लोग जीते हैं, जो दूसरों के लिए जीते हैं।
- जैसा तुम सोचते हो, वैसा हो जाओगे। यदि तुम स्वयं को कमजोर मानते हो, तुम कमजोर हो जाओगे। अगर स्वयं को ताकतवर सोचते हो, तुम ताकतवर हो जाओगे।




