हरेला पर प्राथमिक स्कूल बजेला के बच्चों की चित्रकारी, निबंध लेखन और रेडियो शो

Rajesh Pandey
  • अल्मोड़ा स्थित प्राथमिक स्कूल बजेला के आसपास ग्रामीणों ने रोपे पौधे
  • संस्कृति के संरक्षण तथा बाल रचनात्मकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से स्कूल हर साल मनाता हरेला महोत्सव  
राजकीय प्राथमिक विद्यालय बजेला ने कोविड-19 को देखते हुए हरेला महोत्सव कुछ अलग अंदाज में मनाया। कोविड-19 की गाइडलाइन और विभागीय निर्देशों का पालन करते हुए गुरुवार को हरेला महोत्सव विद्यालय से अलग ग्रामीणों के साथ मिलकर आयोजित किया गया। उत्तराखंड की संस्कृति के संरक्षण तथा बाल रचनात्मकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से स्कूल हर साल हरेला महोत्सव मनाता है।

Contents
राजकीय प्राथमिक विद्यालय बजेला ने कोविड-19 को देखते हुए हरेला महोत्सव कुछ अलग अंदाज में मनाया। कोविड-19 की गाइडलाइन और विभागीय निर्देशों का पालन करते हुए गुरुवार को हरेला महोत्सव विद्यालय से अलग ग्रामीणों के साथ मिलकर आयोजित किया गया। उत्तराखंड की संस्कृति के संरक्षण तथा बाल रचनात्मकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से स्कूल हर साल हरेला महोत्सव मनाता है।विद्यालय के शिक्षक भाष्कर जोशी ने बताया कि बच्चों ने हरेला पर चित्रकारी और निबंध लेखन किया। इस दौरान दीवार पत्रिका का निर्माण किया गया। मुक्तेश्वर स्थित सामुदायिक रेडियो स्टेशन कुमाऊंवाणी के साथ रेडियो शो का आयोजन किया गया।बाल रचनात्मकता को बढ़ावा देने और पर्वतीय बोली को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से सुमित खनी और खुशी खनी ने रेडियो शो प्रस्तुत किया जिसमें सुमित ने हरेला पर्व के बारे कुमाऊंनी बोली में जानकारी दी।विद्यालय के आसपास सामाजिक दूरी का पालन करते हुए और कोविड-19 गाइडलाइन के अनुसार अभिभावकों के साथ विभिन्न प्रकार के 22 पौधे रोपे गए। इस अवसर पर दीपा देवी, माया देवी, कमला देवी ,निर्मला देवी, आनंदी देवी, बिशन सिंह, पान सिंह, दरवान सिंह, गणेश सिंह आदि उपस्थित रहे। पौधारोपण को छोड़कर सभी कार्यक्रम विद्यालय से अलग ग्रामीणों के साथ संपन्न किए गए।
विद्यालय के शिक्षक भाष्कर जोशी ने बताया कि बच्चों ने हरेला पर चित्रकारी और निबंध लेखन किया। इस दौरान दीवार पत्रिका का निर्माण किया गया। मुक्तेश्वर स्थित सामुदायिक रेडियो स्टेशन कुमाऊंवाणी के साथ रेडियो शो का आयोजन किया गया।

बाल रचनात्मकता को बढ़ावा देने और पर्वतीय बोली को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से सुमित खनी और खुशी खनी ने रेडियो शो प्रस्तुत किया जिसमें सुमित ने हरेला पर्व के बारे कुमाऊंनी बोली में जानकारी दी।
विद्यालय के आसपास सामाजिक दूरी का पालन करते हुए और कोविड-19 गाइडलाइन के अनुसार अभिभावकों के साथ विभिन्न प्रकार के 22 पौधे रोपे गए। इस अवसर पर दीपा देवी, माया देवी, कमला देवी ,निर्मला देवी, आनंदी देवी, बिशन सिंह, पान सिंह, दरवान सिंह, गणेश सिंह आदि उपस्थित रहे। पौधारोपण को छोड़कर सभी कार्यक्रम विद्यालय से अलग ग्रामीणों के साथ संपन्न किए गए।
Share This Article
Follow:
newslive24x7.com टीम के सदस्य राजेश पांडेय, उत्तराखंड के डोईवाला, देहरादून के निवासी और 1996 से पत्रकारिता का हिस्सा। अमर उजाला, दैनिक जागरण और हिन्दुस्तान जैसे प्रमुख हिन्दी समाचार पत्रों में 20 वर्षों तक रिपोर्टिंग और एडिटिंग का अनुभव। बच्चों और हर आयु वर्ग के लिए 100 से अधिक कहानियां और कविताएं लिखीं। स्कूलों और संस्थाओं में बच्चों को कहानियां सुनाना और उनसे संवाद करना जुनून। रुद्रप्रयाग के ‘रेडियो केदार’ के साथ पहाड़ के गांवों की अनकही कहानियां लोगों तक पहुंचाईं और सामुदायिक जागरूकता के लिए काम किया। रेडियो ऋषिकेश के शुरुआती दौर में लगभग छह माह सेवाएं दीं। ऋषिकेश में महिला कीर्तन मंडलियों के माध्यम से स्वच्छता का संदेश दिया। जीवन का मंत्र- बाकी जिंदगी को जी खोलकर जीना चाहता हूं, ताकि बाद में ऐसा न लगे कि मैं तो जीया ही नहीं। शैक्षणिक योग्यता: बी.एससी (पीसीएम), पत्रकारिता स्नातक, एलएलबी संपर्क: प्रेमनगर बाजार, डोईवाला, देहरादून, उत्तराखंड-248140 ईमेल: rajeshpandeydw@gmail.com फोन: +91 9760097344
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *