- अगस्त्यमुनि सीएचसी से 18 वर्ष दिल्ली निवासी यात्री को बेस अस्पताल श्रीनगर लाया गया था
- सिर में धंसी हड्डी निकालने के लिए चार घंटे चली सर्जरी, आईसीयू में डॉक्टरों की निगरानी में भर्ती
- न्यूरो सर्जन डॉ. देवेंद्र कुमार और डॉ. प्रभात पुरोहित के नेतृत्व में हुआ ऑपरेशन
श्रीनगर गढ़वाल, 06 अगस्त, 2026ः केदारनाथ यात्रा के दौरान एक दर्दनाक हादसे में गंभीर रूप से घायल दिल्ली निवासी 18 वर्षीय युवक की हेमवती नंदन बहुगुणा बेस अस्पताल, श्रीनगर में न्यूरो सर्जरी विभाग की टीम ने चार घंटे तक चले जटिल ऑपरेशन से जान बचाने का प्रयास किया। मरीज को वेंटिलेटर सपोर्ट पर आईसीयू में भर्ती किया गया है, जहां विशेषज्ञ चिकित्सकों की निगरानी में उपचार जारी है।
दिल्ली निवासी सत्यम (18 वर्ष) केदारनाथ यात्रा के दौरान सिर पर भारी पत्थर गिरने से गंभीर रूप से घायल हो गए। प्राथमिक उपचार के बाद उनको रुद्रप्रयाग अगस्त्यमुनि सीएचसी से रेफर कर बेहोशी की हालत में श्रीकोट स्थित बेस अस्पताल लाया गया। अस्पताल पहुंचते ही न्यूरोसर्जन असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. प्रभात पुरोहित ने तत्काल मरीज का सीटी स्कैन कराया। जांच में सामने आया कि सिर की हड्डी टूटकर मस्तिष्क के अंदर धंस गई है, जिससे मरीज की स्थिति अत्यंत गंभीर हो गई।
डॉ. प्रभात पुरोहित ने परिजनों को तत्काल ऑपरेशन की आवश्यकता के बारे में बताया। सहमति मिलने पर बुधवार देर रात करीब 12 बजे इमरजेंसी न्यूरो सर्जरी शुरू की गई, जो सुबह लगभग 4 बजे तक लगातार चली। ऑपरेशन के दौरान चिकित्सकों ने सिर में धंसी हड्डी को सावधानीपूर्वक निकालकर आवश्यक सर्जरी की। इसके बाद, मरीज को वेंटिलेटर पर आईसीयू में शिफ्ट किया गया, जहां उनकी हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है।
यह जटिल ऑपरेशन न्यूरो सर्जरी विभाग के प्रोफेसर डॉ. देवेंद्र कुमार और असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. प्रभात पुरोहित के नेतृत्व में किया। एनेस्थिसिया विभाग से असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. मोहित सैनी, पीजी एनेस्थिसिया टीम, नर्सिंग अधिकारी जीएल सैनी, अनु जुयाल, अंकित, प्रियंका सेमवाल और अंजली ने ऑपरेशन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
उल्लेखनीय है कि इससे पहले भी न्यूरोसर्जन डॉ. प्रभात पुरोहित ने 23 जुलाई को 85 वर्षीय रुद्रप्रयाग कालीमठ क्षेत्र निवासी एक महिला का सफल ऑपरेशन किया था। महिला के मस्तिष्क में सबड्यूरल हेमेटोमा की गंभीर समस्या थी, जिसका सफल उपचार कर उन्हें स्वस्थ होने के बाद अस्पताल से छुट्टी दी गई थी। लगातार न्यूरो सर्जरी के जटिल मामलों के सफल उपचार से बेस अस्पताल श्रीनगर गंभीर मस्तिष्क चोटों के इलाज के लिए एक महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में उभर रहा है। केदारनाथ यात्रा मार्ग और गढ़वाल क्षेत्र में दुर्घटनाओं के दौरान गंभीर रूप से घायल मरीजों को अब समय पर विशेषज्ञ न्यूरो सर्जरी सुविधा मिलने लगी है।
एचएनबी बेस अस्पताल श्रीनगर (गढ़वाल)
ओपीडी: 07 अगस्त 2026 (शुक्रवार)
मेडिसिन (कक्ष 106)
डॉ. रमेश, डॉ. रंजीत यादव
सर्जरी (कक्ष 108)
डॉ. राकेश रावत, डॉ. स्वाति
न्यूरो (कक्ष 110)
डॉ. देवेंद्र कुमार, डॉ. गौरव भट्ट
अस्थि रोग (कक्ष 124/125)
डॉ. डी. के. टम्टा, डॉ. सार्थक तोमर
दंत रोग (कक्ष 150)
डॉ. अरुण के. गोयल, डॉ. साई किरण तोमर, डॉ. शिवानी दार्जी
नेत्र रोग (कक्ष 134)
डॉ. ए. एन. पाण्डेय, डॉ. जिज्ञासा
मनोचिकित्सा (कक्ष 136)
डॉ. मोहित सैनी, डॉ. मृणाल
ईएनटी (कक्ष 221)
डॉ. निधि भारद्वाज, डॉ. प्रशांत नेगी
त्वचा रोग (कक्ष 233)
डॉ. आत्रेय चक्रवर्ती
स्त्री रोग एवं प्रसूति (कक्ष 220)
डॉ. एन. बोरा
बाल रोग (कक्ष 213)
डॉ. अशोक शर्मा
कैंसर रोग (कक्ष 206)
डॉ. इंदिरा यादव
टीबी एवं चेस्ट रोग (कक्ष 134)
डॉ. अनुराग अग्रवाल
कृपया अस्पताल आने से पहले संबंधित विभाग एवं चिकित्सक की जानकारी अवश्य देख लें तथा समय पर पंजीकरण कराएं।



