ज्योतिर्मठ- मलारी मार्ग पर तमकनाला में बाढ़ से पुल बहा, एक व्यक्ति के बहने की सूचना

Rajesh Pandey
साभार- Uttarakhand DIPR

देहरादून, 10 अगस्त, 2026ः चमोली जिले के ज्योतिर्मठ-मलारी मोटर मार्ग पर तमकनाला में 123 बीआरटीएफ, सुराईथोटा द्वारा निर्मित बेली ब्रिज अत्यधिक जलप्रवाह के कारण बह गया है। नाले में अचानक बढ़े पानी के तेज बहाव की चपेट में आने से एक व्यक्ति एवं एक वाहन (कैंपर) के बहने की सूचना है। एसडीआरएफ एवं एनडीआरएफ की टीमें घटनास्थल के लिए रवाना हो गई हैं। स्थानीय प्रशासन, पुलिस एवं संबंधित विभागों द्वारा भी आवश्यक राहत एवं बचाव कार्रवाई की जा रही है। घटना-स्थल पर स्थिति की लगातार निगरानी की जा रही है। सुरक्षा के दृष्टिगत ज्योतिर्मठ-मलारी मोटर मार्ग पर मलारी की ओर वाहनों का आवागमन पूरी तरह रोक दिया गया है। प्रशासन ने लोगों को प्रभावित एवं संवेदनशील क्षेत्र से दूर रहने तथा मार्ग की स्थिति सामान्य होने तक इस मार्ग पर यात्रा न करने की सलाह दी गई है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस घटना का संज्ञान लेते हुए सचिव आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विनोद कुमार सुमन से घटना की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को राहत एवं बचाव कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए निचले क्षेत्रों में आवश्यक एहतियाती कदम उठाने, संवेदनशील क्षेत्रों में लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा स्थिति सामान्य होने तक प्रभावित मार्ग पर आवाजाही प्रतिबंधित रखने के निर्देश दिए। बेली ब्रिज बहने के कारण आस-पास के गांवों में राशन, खाद्य सामग्री, दवाइयों एवं अन्य आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति प्रभावित न हो, इसके लिए प्रशासन को विशेष व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। सीएम ने कहा, आवश्यकता पड़ने पर वैकल्पिक मार्गों से ग्रामीणों तक आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति सुनिश्चित की जाए।

नदी-नालों एवं जलप्रवाह वाले क्षेत्रों के आस-पास रहने वाले लोगों को सतर्क करने और आवश्यकतानुसार उन्हें सुरक्षित स्थानों पर रोकने के निर्देश दिए गए हैं।  राहत एवं बचाव कार्यों में किसी भी प्रकार की कमी न रहने तथा सभी संबंधित एजेंसियों के बीच प्रभावी समन्वय बनाए रखने के भी निर्देश दिए गए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में लगातार बदल रहे मौसम को देखते हुए प्रशासन पूरी सतर्कता के साथ कार्य करें और आपदा की किसी भी संभावित स्थिति में तत्काल राहत एवं बचाव कार्य सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए।

सचिव आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास विनोद कुमार सुमन ने बताया कि राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र (SEOC) से चमोली सहित प्रदेश के सभी संवेदनशील क्षेत्रों की स्थिति पर लगातार 24×7 निगरानी रखी जा रही है। जिला प्रशासन एवं संबंधित विभागों के अधिकारियों से लगातार समन्वय किया जा रहा है तथा आवश्यकता के अनुसार राहत एवं बचाव दलों को तत्काल सक्रिय किया जा रहा है।

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newslive24x7.com टीम के सदस्य राजेश पांडेय, उत्तराखंड के डोईवाला, देहरादून के निवासी और 1996 से पत्रकारिता का हिस्सा। अमर उजाला, दैनिक जागरण और हिन्दुस्तान जैसे प्रमुख हिन्दी समाचार पत्रों में 20 वर्षों तक रिपोर्टिंग और एडिटिंग का अनुभव। बच्चों और हर आयु वर्ग के लिए 100 से अधिक कहानियां और कविताएं लिखीं। स्कूलों और संस्थाओं में बच्चों को कहानियां सुनाना और उनसे संवाद करना जुनून। रुद्रप्रयाग के ‘रेडियो केदार’ के साथ पहाड़ के गांवों की अनकही कहानियां लोगों तक पहुंचाईं और सामुदायिक जागरूकता के लिए काम किया। रेडियो ऋषिकेश के शुरुआती दौर में लगभग छह माह सेवाएं दीं। ऋषिकेश में महिला कीर्तन मंडलियों के माध्यम से स्वच्छता का संदेश दिया। जीवन का मंत्र- बाकी जिंदगी को जी खोलकर जीना चाहता हूं, ताकि बाद में ऐसा न लगे कि मैं तो जीया ही नहीं। शैक्षणिक योग्यता: बी.एससी (पीसीएम), पत्रकारिता स्नातक, एलएलबी संपर्क: प्रेमनगर बाजार, डोईवाला, देहरादून, उत्तराखंड-248140 ईमेल: rajeshpandeydw@gmail.com फोन: +91 9760097344
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