By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
NEWSLIVE24x7NEWSLIVE24x7NEWSLIVE24x7
  • About
  • Agriculture
  • Uttarakhand
  • Blog Live
  • Career
  • News
  • Contact us
Reading: विशेषज्ञों ने बताए, बच्चों में कैंसर के प्रारंभिक लक्षण, कहा, सतर्क रहिए-जागरूक रहिए
Share
Notification Show More
Font ResizerAa
NEWSLIVE24x7NEWSLIVE24x7
Font ResizerAa
  • About
  • Agriculture
  • Uttarakhand
  • Blog Live
  • Career
  • News
  • Contact us
  • About
  • Agriculture
  • Uttarakhand
  • Blog Live
  • Career
  • News
  • Contact us
Have an existing account? Sign In
Follow US
  • Advertise
  • Advertise
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
NEWSLIVE24x7 > Blog > Featured > विशेषज्ञों ने बताए, बच्चों में कैंसर के प्रारंभिक लक्षण, कहा, सतर्क रहिए-जागरूक रहिए
FeaturedhealthNews

विशेषज्ञों ने बताए, बच्चों में कैंसर के प्रारंभिक लक्षण, कहा, सतर्क रहिए-जागरूक रहिए

Rajesh Pandey
Last updated: September 26, 2024 11:37 pm
Rajesh Pandey
2 years ago
Share
SHARE

ऋषिकेश। न्यूज लाइव ब्यूरो

एम्स ऋषिकेश के मेडिकल ऑन्कोलॉजी विभाग (Medical Oncology Department) और नेटवर्क ऑफ ऑन्कोलॉजी क्लीनिकल ट्रायल इन इंडिया (Network of Oncology Clinical Trials in India-NOCI) की ओर से बाल कैंसर यानी बच्चों में कैंसर (Child Cancer) विषय पर जन-जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। बताया गया कि प्रारम्भिक लक्षणों के प्रति जागरूक रहकर बाल कैंसर से बचाव  किया जा सकता है।

अस्पताल के ओपीडी एरिया में आयोजित कार्यक्रम के दौरान कैंसर के लक्षणों (Symptoms of cancer) के प्रति तीमारदारों और रोगियों को व्यापक जानकारी दी गई।

मेडिकल ऑन्कोलॉजी विभाग के सह आचार्य डॉ. अमित सहरावत ने बाल कैंसर के लक्षण और समय पर निदान के महत्व पर प्रकाश डाला।

उन्होंने बताया कि कैंसर के प्रारंभिक लक्षणों को पहचानने और समय रहते उपचार करने से हम बच्चों का इन बीमारियों से बचाव कर सकते हैं।

डॉ. अमित सहरावत ने बताया की सितंबर का महीना गोल्ड सितंबर के रूप में जाना जाता है। यह बच्चों में होने वाले कैंसर के प्रति जागरूकता प्रसारित करने का एक महत्वपूर्ण अवसर है। बच्चों में कैंसर के प्रकार, लक्षण और इसके उपचार की प्रक्रिया को समझना न केवल चिकित्सकों के लिए, बल्कि समाज के हर वर्ग के लिए भी जरूरी है। उन्होंने कहा कि बचपन में होने वाला कैंसर एक गंभीर चुनौती है। बताया कि पारिवारिक इतिहास और कुछ आनुवंशिक कारणों से कैंसर की आशंका बढ़ जाती है।

कैंसर चिकित्सा विभाग के सह आचार्य डॉ. दीपक सुन्द्रियाल ने कहा कि बच्चों में कैंसर के शुरुआती लक्षण (Early symptoms of cancer in children) पहचानने में माता-पिता और देखभाल कर्ताओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।

नियमित रूप से बच्चों के स्वास्थ्य पर ध्यान देना जरूरी है। साथ ही, किसी भी प्रकार का असामान्य बदलाव नजर आने पर चिकित्सक को दिखाना बहुत जरूरी है।

उन्होंने बताया, यदि बच्चे का बार-बार थकान महसूस करना, सिरदर्द, जी मितलाना और उसकी भूख में कमी होना कैंसर के संकेत हो सकते हैं।

इसके अलावा, शरीर पर गांठ, आंखों में चमक या किसी अन्य असामान्यता का पता चलने पर तुरंत विशेषज्ञ की सलाह लेना महत्वपूर्ण है।

कार्यक्रम के दौरान कहा गया कि बाल कैंसर की पहचान और जागरूकता बढ़ाने के लिए यह आवश्यक है कि प्रत्येक माता-पिता अपने बच्चों के स्वास्थ्य के प्रति शिक्षकों, और स्वास्थ्य कर्मियों के तौर पर सतर्क रहें।

समय पर निदान और त्वरित कार्रवाई से बच्चों के जीवन को बचाया जा सकता है और उनका स्वस्थ भविष्य सुनिश्चित किया जा सकता है।

इस मौके पर डॉ मृदुल खन्ना, डॉ निशांत, डॉ कार्तिक, डॉ अनुषा, एनओसीआई से रजत गुप्ता, कुमुद बडोनी, आरती राणा, अंकित तिवारी, अनुराग पाल, गणेश पेटवाल सहित कई अन्य उपस्थित रहे।

ये खास बातें जानिए

बाल अवस्था में बच्चों में रक्त कैंसर, ब्रेन ट्यूमर, लिम्फोमा, सॉफ्ट टिश्यू सारकोमा, न्यूरोब्लास्टोमा, किडनी ट्यूमर, हड्डियों के ट्यूमर, आँख का कैंसर, जर्म सेल ट्यूमर और लिवर ट्यूमर आदि प्रमुख हैं।

इनमें से ल्यूकेमिया (रक्त कैंसर) और ब्रेन ट्यूमर सबसे ज्यादा पाए जाते हैं।

संकेत और लक्षण
बच्चों में कैंसर के कुछ सामान्य लक्षणों में गर्दन, बगल या कमर में गांठ, अचानक वजन घटना, रात में पसीना आना, आंखों में सफेद चमक, लाल धब्बे या आँखों का पीलापन, सिरदर्द, थकान, भूख में कमी, हड्डियों और जोड़ों में दर्द और बार-बार संक्रमण होना प्रमुख है।

You Might Also Like

उत्तराखंड में 95 साल के किसान ने सर छोटू राम को याद किया
Maths Wizard and English Spell Genius Competition: बंजारावाला संकुल में छात्र-छात्राओं ने दिखाया दम, अरहान और हर्षिता ने मारी बाजी
उत्तराखंड पुलिस में खेल कोटे से भर्ती होगी, धामी ने लांच किए ’पब्लिक आई’ और ’मिशन गौरा शक्ति’ एप
खेल प्रबंधन में कार्यकारी स्नातकोत्तर डिप्लोमा के लिए नामांकन आमंत्रित
Red blood cells diabetes treatment: ऊंचे पहाड़ों पर रहने वाले लोगों में मधुमेह कम क्यों होता है? लाल रक्त कोशिकाएं बन सकती हैं “ग्लूकोज स्पंज”
TAGGED:AIIMS RISHIKESHEarly symptoms of cancer in childrenMedical Oncology DepartmentNetwork of Oncology Clinical Trials in India-NOCI
Share This Article
Facebook Whatsapp Whatsapp Email Copy Link Print
ByRajesh Pandey
Follow:
newslive24x7.com टीम के सदस्य राजेश पांडेय, उत्तराखंड के डोईवाला, देहरादून के निवासी और 1996 से पत्रकारिता का हिस्सा। अमर उजाला, दैनिक जागरण और हिन्दुस्तान जैसे प्रमुख हिन्दी समाचार पत्रों में 20 वर्षों तक रिपोर्टिंग और एडिटिंग का अनुभव। बच्चों और हर आयु वर्ग के लिए 100 से अधिक कहानियां और कविताएं लिखीं। स्कूलों और संस्थाओं में बच्चों को कहानियां सुनाना और उनसे संवाद करना जुनून। रुद्रप्रयाग के ‘रेडियो केदार’ के साथ पहाड़ के गांवों की अनकही कहानियां लोगों तक पहुंचाईं और सामुदायिक जागरूकता के लिए काम किया। रेडियो ऋषिकेश के शुरुआती दौर में लगभग छह माह सेवाएं दीं। ऋषिकेश में महिला कीर्तन मंडलियों के माध्यम से स्वच्छता का संदेश दिया। जीवन का मंत्र- बाकी जिंदगी को जी खोलकर जीना चाहता हूं, ताकि बाद में ऐसा न लगे कि मैं तो जीया ही नहीं। शैक्षणिक योग्यता: बी.एससी (पीसीएम), पत्रकारिता स्नातक, एलएलबी संपर्क: प्रेमनगर बाजार, डोईवाला, देहरादून, उत्तराखंड-248140 ईमेल: rajeshpandeydw@gmail.com फोन: +91 9760097344
Previous Article बड़ी खबरः उत्तराखंड में समूह ग पदों पर सरकारी नौकरियां, आवेदन का मौका
Next Article How to grow your bussines digitally
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Sajani Pandey Editor newslive24x7.com

Prem Nagar Bazar Doiwala Dehradun
Prem Nagar Bazar Doiwala Dehradun Doiwala, PIN- 248140
9760097344
© 2026 News Live 24x7| Developed By: Tech Yard Labs
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?