
Childhood Obesity in India 2026: नई दिल्ली, 05 मार्च, 2026ः मोटापे से ग्रस्त बच्चों की संख्या चीन में सबसे ज्यादा है और इस मामले में भारत का स्थान दूसरा है। World Obesity Atlas 2026 ने एक रिपोर्ट जारी की है, जिसमें बच्चों में मोटापे की समस्या पर चिंता व्यक्त की गई।
रिपोर्ट के अनुसार, 2025 में भारत में, पांच से 19 वर्ष के लगभग 4.1 करोड़ बच्चे हाई बीएमआई और 1.4 करोड़ मोटापे की समस्या से ग्रस्त हैं। पांच से नौ वर्ष के 1.49 करोड़ बच्चे तथा दस से 19 वर्ष के 2.64 करोड़ किशोर मोटापे या अधिक वजन की समस्या से ग्रस्त हैं।
Childhood Obesity in India 2026: हाई बीएमआई (High BMI) का मतलब है कि व्यक्ति का वजन उसकी लंबाई के हिसाब से सामान्य से अधिक है। इसे स्वास्थ्य की दृष्टि से दो श्रेणियों ओवरवेट (Overweight) यानी जब वजन सामान्य से अधिक हो। ओबेसिटी (Obesity) का मतलब जब वजन इतना अधिक हो जाए कि वह बीमारियों का कारण बनने लगे।
‘वर्ल्ड ओबेसिटी एटलस 2026’ के अनुसार, भारत में बच्चों के मोटापे की दर 4.8% प्रति वर्ष की दर से बढ़ रही है, जो दुनिया में सबसे तेज़ विकास दर में से एक है।
Childhood Obesity in India 2026: भारत में हाई बीएमआई (High BMI) से प्रभावित बच्चों की संख्या में लगातार बढ़ोतरी देखी जा रही है। रिपोर्ट के अनुसार, भारत में लगभग 4.13 करोड़ बच्चे अधिक वजन या मोटापे से ग्रस्त हैं । 2040 तक मोटापे और अधिक वजन से प्रभावित बच्चों की संख्या 5.5 करोड़ के पार पहुँच सकती है।







