Delhi-Dehradun Economic Corridor: दिल्ली और देहरादून के बीच का सफर छह से लगभग ढाई घंटे हो जाएगा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कल करेंगे आर्थिक गलियारे का उद्घाटन

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 14 अप्रैल 2026 को उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश का दौरा करेंगे। प्रधानमंत्री सुबह लगभग 11 :15 बजे उत्तर प्रदेश के सहारनपुर में दिल्ली-देहरादून आर्थिक गलियारे के ऊंचे खंड पर बने वन्यजीव गलियारे की समीक्षा करेंगे।

Rajesh Pandey

परियोजना में 12 किलोमीटर लंबा वन्यजीव एलिवेटेड कॉरिडोर शामिल है, जो एशिया के सबसे लंबे गलियारों में से एक है

Delhi-Dehradun Economic Corridor का उद्देश्य मानव-वन्यजीव संघर्ष में अत्यधिक कमी लाना है

Delhi-Dehradun Economic Corridor: नई दिल्ली, 13 अप्रैल, 2026: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 14 अप्रैल 2026 को उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश का दौरा करेंगे। प्रधानमंत्री सुबह लगभग 11 :15 बजे उत्तर प्रदेश के सहारनपुर में दिल्ली-देहरादून आर्थिक गलियारे के ऊंचे खंड पर बने वन्यजीव गलियारे की समीक्षा करेंगे।

प्रधानमंत्री सुबह लगभग 11:40 बजे देहरादून के पास स्थित जय मां डाट काली मंदिर में दर्शन और पूजा करेंगे। इसके बाद, दोपहर लगभग 12:30 बजे देहरादून में एक सार्वजनिक समारोह में दिल्ली-देहरादून आर्थिक गलियारे का उद्घाटन करेंगे और इस अवसर पर उपस्थित जनसमूह को संबोधित भी करेंगे।

213 किलोमीटर लंबा, छह लेन वाला और एक्सेस कंट्रोल्ड दिल्ली-देहरादून आर्थिक गलियारा 12,000 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से विकसित किया गया है।

यह गलियारा दिल्ली, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड राज्यों से होकर गुजरता है और दिल्ली और देहरादून के बीच यात्रा का समय वर्तमान में छह घंटे से अधिक से घटकर लगभग ढाई घंटे हो जाएगा।

इस परियोजना के कार्यान्वयन में निर्बाध उच्च गति कनेक्टिविटी सुनिश्चित करने के लिए 10 इंटरचेंज, तीन रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी), चार प्रमुख पुल और सड़क किनारे 12 जन सुविधाओं का निर्माण भी शामिल है। यात्रियों के लिए सुरक्षित और अधिक कुशल यात्रा अनुभव प्रदान करने के लिए यह गलियारा उन्नत यातायात प्रबंधन प्रणाली (एटीएम) से सुसज्जित है।

Delhi-Dehradun Economic Corridor: इस क्षेत्र की पारिस्थितिक संवेदनशीलता, समृद्ध जैव विविधता और वन्यजीवों को ध्यान में रखते हुए, इस गलियारे को कई विशेषताओं के साथ डिजाइन किया गया है, जिनका उद्देश्य मानव-वन्यजीव संघर्ष में अत्यधिक कमी लाना है।

जंगली जानवरों की निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए, परियोजना में वन्यजीव संरक्षण के लिए कई विशेष सुविधाएं शामिल की गई हैं।

इनमें 12 किलोमीटर लंबा वन्यजीव एलिवेटेड कॉरिडोर शामिल है, जो एशिया के सबसे लंबे कॉरिडोर में से एक है।

कॉरिडोर में आठ पशु मार्ग, 200 मीटर लंबे दो हाथी अंडरपास और मां डाट काली मंदिर के पास 370 मीटर लंबी सुरंग भी शामिल है।

दिल्ली-देहरादून आर्थिक गलियारा प्रमुख पर्यटन और आर्थिक केंद्रों के बीच संपर्क बढ़ाकर और पूरे क्षेत्र में व्यापार और विकास के नए रास्ते खोलकर क्षेत्रीय आर्थिक विकास को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।- स्रोतः PIB

Share This Article
Follow:
newslive24x7.com टीम के सदस्य राजेश पांडेय, उत्तराखंड के डोईवाला, देहरादून के निवासी और 1996 से पत्रकारिता का हिस्सा। अमर उजाला, दैनिक जागरण और हिन्दुस्तान जैसे प्रमुख हिन्दी समाचार पत्रों में 20 वर्षों तक रिपोर्टिंग और एडिटिंग का अनुभव। बच्चों और हर आयु वर्ग के लिए 100 से अधिक कहानियां और कविताएं लिखीं। स्कूलों और संस्थाओं में बच्चों को कहानियां सुनाना और उनसे संवाद करना जुनून। रुद्रप्रयाग के ‘रेडियो केदार’ के साथ पहाड़ के गांवों की अनकही कहानियां लोगों तक पहुंचाईं और सामुदायिक जागरूकता के लिए काम किया। रेडियो ऋषिकेश के शुरुआती दौर में लगभग छह माह सेवाएं दीं। ऋषिकेश में महिला कीर्तन मंडलियों के माध्यम से स्वच्छता का संदेश दिया। जीवन का मंत्र- बाकी जिंदगी को जी खोलकर जीना चाहता हूं, ताकि बाद में ऐसा न लगे कि मैं तो जीया ही नहीं। शैक्षणिक योग्यता: बी.एससी (पीसीएम), पत्रकारिता स्नातक, एलएलबी संपर्क: प्रेमनगर बाजार, डोईवाला, देहरादून, उत्तराखंड-248140 ईमेल: rajeshpandeydw@gmail.com फोन: +91 9760097344
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *