
Uttarakhand university academic record digitization: छात्रों के शैक्षणिक रिकॉर्ड डिजिटाइज करें विश्वविद्यालय, 30 नवंबर अंतिम तिथि
डिजीलॉकर/एनएडी-एबीसी पर एजुकेशनल रिकॉर्ड अपलोड करें विश्वविद्यालय: डॉ. धन सिंह रावत
Uttarakhand university academic record digitization : देहरादून, 14 नवंबर, 2025ः प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने सभी राजकीय और निजी विश्वविद्यालयों को शैक्षणिक रिकॉर्ड के डिजिटलीकरण के संबंध में निर्देश दिए हैं। उन्होंने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) द्वारा निर्धारित समय सीमा के भीतर शैक्षणिक वर्ष 2021 से 2024 तक के सभी शैक्षणिक दस्तावेज, क्रेडिट रिकॉर्ड और छात्रों की अपार आईडी से संबंधित डेटा को डिजीलॉकर/नेशनल एकेडमिक डिपॉजिटरी (एनएडी) और एकेडमिक बैंक ऑफ क्रेडिट्स (एबीसी) प्लेटफॉर्म पर अनिवार्य रूप से अपलोड करने को कहा है।
समय सीमा 30 नवंबर 2025 तक बढ़ी
Uttarakhand university academic record digitization: डॉ. रावत ने बताया कि यूजीसी ने विश्वविद्यालयों को शैक्षणिक रिकॉर्ड डिजीलॉकर पर दर्ज करने की समय सीमा को बढ़ाकर 30 नवम्बर 2025 कर दिया है। उन्होंने सभी विश्वविद्यालयों को इस समय सीमा का पूर्ण रूप से पालन करने का निर्देश दिया है।
ऑनलाइन होंगे छात्रों के दस्तावेज
उच्च शिक्षा मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार उच्च शिक्षा संस्थानों में डिजिटल परिवर्तन को प्राथमिकता दे रही है। इस डिजिटल व्यवस्था से छात्र-छात्राओं को किसी भी समय, कहीं पर भी अपने शैक्षणिक दस्तावेज ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर सुलभ होंगे, जिससे पारदर्शिता, सुगमता और समय की बचत सुनिश्चित होगी। उन्होंने कहा कि यह पहल केंद्र सरकार की एनएडी-एबीसी प्रणाली के तहत है, जो क्रेडिट ट्रांसफर को सरल बनाती है और नई शिक्षा नीति-2020 के सफल क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण है।
19 नवंबर को होगी समीक्षा बैठक
Uttarakhand university academic record digitization: डेटा अपलोडिंग की प्रगति की समीक्षा के लिए 19 नवम्बर 2025 को दून विश्वविद्यालय में एक महत्वपूर्ण कार्यशाला एवं बैठक आयोजित की जाएगी। इसमें सभी विश्वविद्यालयों के परीक्षा नियंत्रकों, नोडल अधिकारियों और संबंधित तकनीकी कर्मियों को अद्यतन स्थिति रिपोर्ट के साथ अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने के निर्देश दिए गए हैं।













