हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के 24,518 परीक्षार्थी होंगे शामिल, दूरस्थ क्षेत्रों में भौगोलिक परिस्थितियों के आधार पर केंद्र निर्धारण पर मंथन
डीएम डॉ. आशीष चौहान की अध्यक्षता में जिला स्तरीय समिति की बैठक, परीक्षा व्यवस्थाओं की समीक्षा
देहरादून, 17 अक्तूबर, 2026ः उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद की वर्ष 2027 की हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परिषदीय परीक्षाओं के लिए जनपद देहरादून में 123 परीक्षा केंद्र प्रस्तावित किए गए हैं। इन केंद्रों पर कुल 24,518 परीक्षार्थी परीक्षा देंगे। परीक्षा केंद्रों के निर्धारण, संवेदनशील एवं दूरस्थ केंद्रों की व्यवस्था तथा परीक्षाओं के सुचारु संचालन को लेकर जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान की अध्यक्षता में जिला स्तरीय समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में परीक्षा केंद्रों की स्थिति और निर्धारित मानकों के अनुरूप व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने दूरस्थ क्षेत्रों के परीक्षा केंद्रों का स्थलीय निरीक्षण करने के निर्देश भी दिए है।
| कक्षा | संस्थागत परीक्षार्थी | व्यक्तिगत परीक्षार्थी | कुल परीक्षार्थी |
| हाईस्कूल | 13,472 | 104 | 13,576 |
| इंटरमीडिएट | 10,684 | 258 | 10,942 |
| कुल योग | 24,156 | 362 | 24,518 |
तीन संवेदनशील केंद्र चिह्नित, अति संवेदनशील केंद्र नहीं
समिति के समक्ष प्रस्तुत विवरण के अनुसार, वर्ष 2027 की बोर्ड परीक्षाओं के लिए जनपद में तीन संवेदनशील परीक्षा केंद्र प्रस्तावित हैं, जबकि अति संवेदनशील केंद्रों की संख्या शून्य है।
| परीक्षा केंद्र का नाम | स्थान | संवेदनशीलता की श्रेणी | संवेदनशीलता के प्रमुख कारण |
| श्री भरत मंदिर इंटर कॉलेज | ऋषिकेश | संवेदनशील | परीक्षार्थियों की अधिक संख्या / दूरी |
| डीएवी इंटर कॉलेज | करनपुर (रायपुर) | संवेदनशील | परीक्षार्थियों की अधिक संख्या / दूरी |
| राजकीय इंटर कॉलेज | भटाड़ (चकराता) | संवेदनशील | परीक्षा केंद्र तक पहुंचने के मार्ग की दूरी / परीक्षार्थियों की संख्या |
छह विकासखंडों में परीक्षा केंद्रों का निर्धारण
| विकासखंड / क्षेत्र | हाईस्कूल परीक्षा केंद्र | इंटरमीडिएट परीक्षा केंद्र |
| रायपुर | 36 | 35 |
| डोईवाला | 30 | 30 |
| सहसपुर | 15 | 14 |
| विकासनगर | 21 | 19 |
| कालसी | 8 | 8 |
| चकराता | 13 | 11 |
| कुल योग | 123 | 117 |
दूरस्थ क्षेत्रों में भौगोलिक परिस्थितियों को मिलेगी प्राथमिकता
समिति के समक्ष ऐसे विद्यालयों का विवरण भी रखा गया, जहां परीक्षार्थियों की संख्या निर्धारित 60 विद्यार्थियों के मानक से कम है। प्रस्तुत प्रस्ताव में ऐसे सात विद्यालयों को शामिल किया गया है, जहां विषम भौगोलिक परिस्थितियों और आवागमन संबंधी कठिनाइयों को ध्यान में रखते हुए परीक्षा केंद्र बनाए जाने का प्रस्ताव है। इसका उद्देश्य दूरस्थ क्षेत्रों के विद्यार्थियों को परीक्षा देने में होने वाली कठिनाइयों को ध्यान में रखते हुए केंद्र निर्धारण करना है। समिति की बैठक में मुख्य शिक्षा अधिकारी गोविन्द राम जैसवाल, खंड शिक्षा अधिकारी विनिता कठैत, हेमलता गौड़, भुवनेश्वर प्रसाद, बुशरा, शिवानी कौशल, कुन्दन सिंह सहित समिति के अन्य सदस्य उपस्थित थे।





