प्रदेशभर में 250 क्रय केंद्रों पर खरीदा जायेगा मंडुवा
पिछले साल 11,153 किसानों से खरीदा गया 53,860.652 कुंतल मंडुवा
देहरादून, 01 अक्तूबर, 2026ः प्रदेश के पर्वतीय क्षेत्रों में पारम्परिक खेती को बढ़ावा देने तथा किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य देने के उद्देश्य से उत्तराखंड राज्य सहकारी संघ (यूसीएफ) प्रदेशभर में बड़े पैमाने पर मिलेट्स की खरीद करेगा। मिलेट्स मिशन योजना के तहत यूसीएफ इस फसली वर्ष 250 क्रय केंद्रों के माध्यम से मंडुवा, झंगोरा, तिलहन, चौलाई व दालें, सहित अन्य पहाड़ी उपजों की खरीद सीधे किसानों से करेगा।
सहकारिता मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि राज्य सरकार के सहयोग से पर्वतीय क्षेत्रों में पारंपरिक कृषि को बढ़ावा मिल रहा है। जिन किसानों ने पारंपरिक व मोटे अनाज की खेती छोड़ दी थी, वे फिर से पारम्परिक खेती करने लगे हैं। सरकार का लक्ष्य प्रदेश को शत-प्रतिशत ऑर्गेनिक स्टेट बनाना है। पर्वतीय क्षेत्रों जैविक खेती होने का फायदा किसानों को मिल रहा है क्योंकि उनके उत्पादों को अब सीधे बाजार मिल रहा है और भविष्य में जैविक उत्पादों की मांग और बढ़ेगी।
विभागीय मंत्री ने बताया कि इस फसली वर्ष यूसीएफ के माध्यम से किसानों से मिलेट्स की खरीद की जाएगी। किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिले इसके लिए इस वर्ष मंडूवा 52.05 रुपये प्रति किलो की दर से खरीदा जाएगा, जबकि विगत वर्ष यह 48.86 रूपये प्रति किलो की दर से खरीदा गया था। प्रत्येक क्विंटल की खरीद पर संबंधित सहकारी समिति को ₹200 की आय प्राप्त होगी, जिससे समितियों की आर्थिक गतिविधियों को भी मजबूती मिलेगी।
सचिव सहकारिता डॉ. इकबाल अहमद ने बताया कि प्रदेश में मिलेट्स खरीद और इसके व्यापक प्रचार-प्रसार को लेकर सभी जनपदों के जिलाधिकारियों को पत्र भेजकर आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। खरीद केंद्रों और निर्धारित खरीद मूल्य की जानकारी किसानों तक पहुंचाने को कहा गया है, ताकि अधिक से अधिक किसान इसका लाभ उठा सकें। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य देने के साथ ही खरीद का भुगतान डीबीटी के माध्यम से करने को कहा है।
उत्तराखंड राज्य सहकारी संघ के प्रबंध निदेशक आनंद शुक्ल ने बताया कि मिलेट्स मिशन योजना के तहत इस फसली वर्ष मिलेट्स की खरीद को भी तैयारियां पूरी कर ली गई है। उन्होंने कहा कि किसानों से उनकी उपज खरीदने के लिये प्रदेशभर में 250 क्रय केंद्र खोले गए हैं, जबकि विगत वर्ष 214 केंद्रों के माध्यम से खरीद की गई थी, इस लिहाज से इस वर्ष 36 अतिरिक्त केंद्र स्थापित किए जा रहे हैं।
उन्होंने बताया कि यूसीएफ हाट के माध्यम से भी किसानों के उत्पादों की खरीद और विपणन को बढ़ावा दिया जाएगा। मंडुवा की खरीद निर्धारित ₹52.05 प्रति किलो की दर पर की जाएगी, जबकि सोयाबीन, दाल, झंगोरा, चौलाई तथा अन्य सूखे अनाज एवं पहाड़ी उत्पादों की खरीद बाजार मूल्य के आधार पर की जाएगी। उन्होंने कहा कि किसानों से खरीदे गए उत्पादों की ब्रांडिंग, पैकेजिंग और बेहतर विपणन किया जाएगा, जिससे उत्तराखंड के स्थानीय उत्पादों को व्यापक बाजार उपलब्ध हो सके और किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य मिल सके।
पिछले वर्ष 11,153 किसानों से खरीदा गया 53,860.652 कुंतल मंडुवा
विभागीय अधिकारियों ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 में यूसीएफ ने प्रदेश में 214 क्रय केंद्रों के माध्यम से कुल 53,860.652 कुंतल मंडुवा की खरीद की थी। यह खरीद प्रदेश के 11,153 किसानों से की गई। पिछले वर्ष चमोली जनपद में मंडुवे की सर्वाधिक खरीद की गई, जबकि सर्वाधिक किसानों ने टिहरी में अपने उत्पादों का विक्रय किया। वहीं कुमाऊं मंडल में पिथौरागढ़ जनपद में सबसे अधिक मंडुवा खरीदने में अव्वल रहा।



